हिमाचल के पांच जिलों में हुआ भारी हिमपात, अपर शिमला और किन्नौर राजधानी से कटे; सैकड़ों गाड़ियां फंसी
Himachal News: हिमाचल प्रदेश के पांच जिलों में सोमवार को सीजन की दूसरी बर्फबारी दर्ज की गई। रोहतांग में सबसे अधिक दस सेंटीमीटर बर्फबारी हुई, जबकि मनाली, कुफरी, केलांग, डलहौजी और राजधानी शिमला में बर्फबारी हुई। बर्फबारी के बाद ऊपरी शिमला और किन्नौर जिले राजधानी से पूरी तरह कट गए हैं। शिमला-नारकंडा राष्ट्रीय राजमार्ग, ठियोग-रोहड़ू एनएच और ठियोग-चौपाल राजमार्ग समेत 90 से अधिक सड़कें वाहनों के लिए बंद हो गई हैं।
बर्फबारी के बाद इन सड़कों पर 300 से अधिक बसें और छोटे वाहन विभिन्न स्थानों पर फंसे हुए हैं, जबकि पूरे प्रदेश में एक हजार से अधिक वाहन विभिन्न स्थानों पर फंसे हुए हैं। हालांकि क्रिसमस मनाने आए पर्यटकों ने इस बर्फबारी का खूब लुत्फ उठाया। बर्फबारी के दौरान शिमला के ऐतिहासिक रिज पर पर्यटकों का हुजूम उमड़ पड़ा। हालांकि बर्फबारी का आवाजाही पर खासा असर पड़ा है। सड़कें अवरुद्ध होने से सैकड़ों ग्रामीण क्षेत्र दिनभर अन्य स्थानों से कटे रहे। इस कारण गंतव्य को जाने वाले वाहन बीच रास्ते में ही फंस गए।
परिवहन निगम ने भी कई रूटों पर आवाजाही बंद कर दी। सुबह 11 बजे से शाम चार बजे तक ऊंचे और मध्यम ऊंचाई वाले पर्वतीय इलाकों में बर्फबारी जारी रही। इस दौरान तापमान में भी गिरावट देखने को मिली। शिमला के रिज, कुफरी और मशोबरा समेत अन्य इलाकों में पर्यटक अपने वाहनों के साथ पहुंचे थे। हालांकि भारी बर्फबारी के कारण कई जगह वाहन फंस गए। इन वाहनों को निकालने के लिए पर्यटकों और स्थानीय लोगों को काफी मशक्कत करनी पड़ी।
फिलहाल शिमला समेत जिन पांचों जिलों में बर्फबारी का अलर्ट जारी किया गया था, उन सभी में करीब तीन से चार घंटे तक लगातार बर्फबारी हुई है। शिमला और आसपास के इलाकों में दो से छह इंच तक बर्फबारी दर्ज की गई है। शिमला के अलावा अन्य जिलों की बात करें तो कुल्लू में अटल टनल, मनाली, लाहौल-स्पीति, किन्नौर के विभिन्न हिस्सों और चंबा के पांगी में बर्फबारी हुई है। मौसम विभाग ने कहा है कि अगले 24 घंटे तक बर्फबारी जारी रहेगी। इस दौरान ऊंचे पर्वतीय इलाकों में भारी बर्फबारी देखने को मिल सकती है। मौसम विभाग के अनुसार इसके बाद 27 को ऊंचाई वाले इलाकों में फिर बर्फबारी होगी और 28 दिसंबर को पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से कई स्थानों पर बारिश और बर्फबारी होगी। अगले छह दिनों तक प्रदेश में शीतलहर जारी रहेगी। मैदानी इलाकों में 24 और 25 को घने कोहरे का अलर्ट जारी किया गया है।
बर्फबारी से 130 सड़कें और दो राष्ट्रीय राजमार्ग बाधित
मौसम की दूसरी बर्फबारी का बड़ा असर प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में देखने को मिला है। बर्फबारी के कारण प्रदेश भर में 130 सड़कें और दो राष्ट्रीय राजमार्ग बाधित हो गए हैं। शिमला जिले में बर्फबारी के कारण 112 सड़कें बाधित हो गईं, जबकि चंडीगढ़ से शिमला और बिलासपुर धर्मशाला से शिमला मार्ग पूरी तरह खुला है। इसके अलावा चंबा के पांगी में एक, कांगड़ा में छह, कुल्लू में एक, लाहौल-स्पीति में दो सड़कें और दो एनएच अवरुद्ध हो गए हैं। इसके अलावा ऊना में भूस्खलन के कारण तीन सड़कें बंद हो गई हैं। सड़कें बंद होने से इन सभी इलाकों में वाहनों की आवाजाही नहीं हो पा रही है।
अटल टनल से सोलंग तक वाहनों की कतारें
पर्यटन नगरी मनाली की ऊंची चोटियों सोलंगनाला और अटल टनल के पास बर्फबारी के कारण करीब एक हजार वाहन विभिन्न स्थानों पर फंस गए हैं। वाहनों के रास्ते में फंसने से मनाली घूमने आए पर्यटकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा और वे अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए जद्दोजहद करते नजर आए। लाहौल और मनाली पुलिस की ओर से पर्यटकों को निकालने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे थे, लेकिन सड़क पर बर्फ होने के कारण वाहन स्किड हो रहे थे और काफी दिक्कतें आ रही थीं।
वहीं, लाहौल-स्पीति जिले के डीसी राहुल कुमार ने बताया कि सोमवार को सिसु, कोकसर क्षेत्र में बर्फबारी हुई है। कुछ पर्यटक टनल के पास फंसे हैं, लेकिन लाहौल पुलिस ने उन्हें सुरक्षित मनाली की ओर भेज दिया है। बर्फबारी के कारण सड़कों पर वाहनों की लंबी लाइनें लगी हुई हैं। उधर, एसडीएम मनाली और एसएचओ मनाली भी देर रात तक वाहनों को निकालने में जुटे रहे। समाचार लिखे जाने तक 700 वाहनों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया गया था।