25 दिसंबर 1893, वीर सन्यासी स्वामी विवेकानन्द जी का राष्ट्र चिन्तन का पहला दिन। क्या हम भी आज राष्ट्र के लिए चिन्तन कर सकते है कि हमारा इस भारत राष्ट्र के लिए क्या योगदान होगा?
25 दिसंबर 1893, वीर सन्यासी स्वामी विवेकानन्द जी का राष्ट्र चिन्तन का पहला दिन। क्या हम भी आज राष्ट्र के लिए चिन्तन कर सकते है कि हमारा इस भारत राष्ट्र के लिए क्या योगदान होगा?