मॉनसून आपदा: कुल्लू में बादल फटने से सैंज घाटी में बाढ़, पिता-बेटी समेत तीन लापता; कसोल में भी मची भारी तबाही
Himachal News: हिमाचल में मॉनसून आपदा ने कहर बरपाया। कुल्लू के सैंज घाटी में बादल फटने से जीवा नाले में बाढ़ आई। पिता-बेटी सहित तीन लोग बह गए। हाईड्रो प्रोजेक्ट के शेड और पुल क्षतिग्रस्त हुए। मणिकर्ण, बंजार और तीर्थन घाटी में भारी नुकसान हुआ। कसोल में पार्किंग की गाड़ियां बही। प्रशासन ने राहत कार्य शुरू किए। ब्यास नदी का जलस्तर बढ़ने से अलर्ट जारी। लोग नदियों से दूर रहें।
सैंज घाटी में भारी तबाही
कुल्लू की सैंज घाटी में मॉनसून आपदा ने सबसे ज्यादा नुकसान किया। जीवा नाले में बादल फटने से फ्लैश फ्लड आया। रैला गांव में तीन लोग लापता हो गए। सैंज नदी का जलस्तर खतरनाक स्तर पर पहुंचा। हाईड्रो प्रोजेक्ट के शेड में मलबा घुसा। एक पुल को नुकसान हुआ। बिहाली गांव में भूमि कटाव से खतरा बढ़ा। प्रशासन ने बचाव कार्य तेज किए। लोग सुरक्षित स्थानों पर जाएं।
मणिकर्ण और कसोल में हड़कंप
मॉनसून आपदा ने मणिकर्ण में भी तबाही मचाई। तोश की पहाड़ियों में बारिश से बाण गंगा खड्ड में बाढ़ आई। कसोल में खड्ड किनारे पार्किंग की पर्यटकों की गाड़ियां बह गईं। कई गांवों में अफरातफरी मची। बड़े पेड़ और मलबा खड्डों में बहता दिखा। बंजार विधायक सुरेंद्र शौरी ने प्रशासन से तत्काल राहत कार्य की मांग की। उन्होंने लोगों से नदी-नालों से दूरी बनाए रखने की अपील की।
प्रशासन और मौसम विभाग का अलर्ट
कुल्लू से मंडी तक मॉनसून आपदा के चलते हाई अलर्ट जारी है। ब्यास नदी का जलस्तर बढ़ने से पंडोह डैम के गेट खोले गए। मौसम विभाग ने एक सप्ताह तक बारिश का येलो अलर्ट जारी किया। बंजार विधायक ने कहा कि सैंज में पिछले साल की त्रासदी से भी बड़ा नुकसान हुआ। गड़सा में मनिहार के पास पुल बह गया। प्रशासन राहत और बचाव में जुटा है। लोग सतर्क रहें।