अगर किसी नतीजे/निर्णय पर संतुष्ट पक्ष खुल कर खुशी मना रहा है, लेकिन असंतुष्ट पक्ष खुल कर असंतोष ज़ाहिर करने की जगह चुप है...तो ये सौहार्द की नहीं, ख़ौफ़ के सन्नाटे की मिसाल है साहेब!! ये प्रेम नहीं, डर की जीत है...और न्याय तो ख़ैर अब किसी और युग का शब्द लगता है #AyodhyacaseVerdict #AYODHYAVERDICT #AyodhyaCase
ராமர் ஆனாலும்
பாபர் ஆனாலும் ரூட்டு
ஒன்னு தான் கேட்டு
ஒன்னு தான் ஸ்நேகிதா